MP News: इंजीनियर, डॉक्टर और वकील बनने का सपना होगा आसान, सरकार देगी हर महीने ₹7,500

मध्य प्रदेश के श्रमिक परिवारों के मेधावी बच्चों के लिए बड़ी खुशखबरी है। अब इंजीनियर, डॉक्टर, वकील या प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी करने वाले विद्यार्थियों को आर्थिक मदद मिल सकेगी। मध्य प्रदेश सरकार भवन निर्माण एवं अन्य सन्निर्माण कार्यों में लगे श्रमिकों के होनहार बच्चों के लिए एक नई योजना शुरू करने की तैयारी कर रही है।
इस योजना के तहत चयनित विद्यार्थियों को उच्च शिक्षा और व्यावसायिक एवं प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी के लिए हर महीने ₹7,500 की वित्तीय सहायता दी जाएगी।
600 विद्यार्थियों को मिलेगा लाभ, मेरिट के आधार पर होगा चयन
मध्य प्रदेश सरकार की प्रस्तावित ‘भवन एवं अन्य सन्निर्माण श्रमिक श्री मेधा छात्र उन्नयन योजना’ का उद्देश्य श्रमिक परिवारों के प्रतिभाशाली बच्चों को उच्च शिक्षा और प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी में आर्थिक सहयोग देना है।
योजना को शुरुआती चरण में पायलट प्रोजेक्ट के रूप में लागू किया जाएगा। इसके तहत कुल 600 मेधावी विद्यार्थियों का चयन किया जाएगा।
- 500 विद्यार्थियों का चयन भवन एवं अन्य सन्निर्माण कर्मकार कल्याण मंडल के माध्यम से होगा।
- 100 विद्यार्थियों का चयन श्रमिक कल्याण बोर्ड के जरिए किया जाएगा।
- विद्यार्थियों का चयन बोर्ड की मेरिट के आधार पर किया जाएगा।
- चयनित विद्यार्थियों को प्रतिमाह ₹7,500 की आर्थिक सहायता देने का प्रावधान है।

किन विद्यार्थियों को मिलेगा लाभ?
यह योजना भवन निर्माण एवं अन्य सन्निर्माण कार्यों में लगे श्रमिकों के मेधावी बच्चों के लिए तैयार की जा रही है। इसका लाभ उच्च शिक्षा, व्यावसायिक पाठ्यक्रमों और प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी करने वाले पात्र विद्यार्थियों को मिल सकेगा।
हालांकि, योजना की पात्रता, आवेदन प्रक्रिया, आयु सीमा और अन्य शर्तों से जुड़ी विस्तृत जानकारी सरकार की आधिकारिक घोषणा के बाद स्पष्ट होगी।
श्रमिक परिवारों के बच्चों को मिलेगा आगे बढ़ने का अवसर
सरकार की इस पहल से आर्थिक रूप से कमजोर श्रमिक परिवारों के मेधावी बच्चों को डॉक्टर, इंजीनियर, वकील और अन्य पेशेवर क्षेत्रों में करियर बनाने के लिए आर्थिक सहयोग मिलने की उम्मीद है।